सीएम मोहन यादव ने दी 15 लाख विद्यार्थियो को सौगात, पटवारी और कॉन्स्टेबल भर्ती वाले विद्यार्थी खुशी से झूम उठे

मध्य प्रदेश में मोहन यादव के नए मुख्यमंत्री बनने के बाद एमपी के विद्यार्थियों को एक बहुत बड़ी सौगात दी गई जिसमें उन्होंने लगभग 15 लाख विद्यार्थियों को रोजगार देने की बात कही । मध्य प्रदेश के नए मुख्यमंत्री मोहन यादव जी के द्वारा रोजगार के अवसर विद्यार्थियों को ही नहीं बल्कि एमपी के हर परिवार के लिए रोजगार के अवसर उपलब्ध कराए जाएंगे। महिलाओं को सशक्त बनाने में और किसानों की आमदनी बढ़ाने में जितनी भी योजनाओं को लागू करना होगा तो मुख्यमंत्री के द्वारा लागू किया जाएगा और एमपी का हर परिवार एक सशक्त परिवार बनाया जाएगा । आई आज के आर्टिकल में हम जानते हैं कि एमपी के विद्यार्थियों के लिए पटवारी और कांस्टेबल भर्ती को किस तरीके से आगे बढ़ाया जाएगा।

एमपी पटवारी भर्ती 2023 का विवरण –

मध्य प्रदेश विधानसभा चुनाव से पहले होने वाली एमपी पटवारी भर्ती परीक्षा का केवल अभी रिजल्ट आया है लेकिन इसमें भी अभी भर्ती होने में बहुत सारी प्रक्रिया बाकी है । पटवारी भर्ती परीक्षा के समय मध्य प्रदेश में मुख्यमंत्री के तौर पर श्री शिवराज सिंह चौहान कार्यरत थे जिनके नेतृत्व में सुनने में आया था कि पटवारी का घोटाला किया गया है। पटवारी भर्ती परीक्षा का रिजल्ट तो आ गया मगर फाइनल रिजल्ट अभी बाकी है और इसके बारे में कुछ नहीं कहा जा सकता कि यह रिजल्ट कब तक आएगा।

2024 में लोकसभा चुनाव है और इस तरीके से चुनाव को ध्यान में रखते हुए किसी भी भर्ती के बारे में कुछ भी नहीं कहा जा सकता। पटवारीभर्ती को आगे बढ़ाया भी जा सकता है और इसे रोका भी जा सकता है।

2024 में आएगी कांस्टेबल भर्ती –

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव जी के द्वारा कांस्टेबल भर्ती परीक्षा के बारे में अभी कोई भी बयान जारी नहीं किया गया है लेकिन आने वाले समय में ऐसा हो सकता है कि उनके द्वारा काफी भारी मात्रा में भर्तियों का ऐलान किया जाए। कांस्टेबल परीक्षा के बारे में कुछ भी कहना उचित नहीं है कि यह वैकेंसी कब तक जारी की जाएगी लेकिन नए मुख्यमंत्री के तौर पर कार्य करते नजर आ रहे मोहन यादव जी के नेतृत्व से ऐसा लग रहा है कि बहुत ही जल्दी मध्य प्रदेश के विद्यार्थियों के लिए वैकेंसी की घोषणा हो सकती है।

2024 में अगर मोहन यादव जी के द्वारा कांस्टेबल की परीक्षाओं को कंडक्ट कराया जाता है तो लगभग 20000 के आसपास वैकेंसी जारी हो सकती है और इससे आगे भी इस वैकेंसी को बढ़ाया जा सकता है।

पटवारी भर्ती प्रक्रिया 2024–

2023 में हुए पटवारी के एग्जाम से पता चलता है कि पटवारी परीक्षा में भी घोटाला किया जा सकता है क्योंकि मध्य प्रदेश के ग्वालियर जिले से पटवारी घोटाले की खबरें फैली थी और विद्यार्थियों ने काफी इसका विरोध भी किया मगर सरकार ने झूठा आश्वासन देकर जांच की कमेटी मिठाई लेकिन अभी तक इसके बारे में कोई भी फाइनल रिजल्ट नहीं आया है। 2023 में हुए पटवारी परीक्षा के बाद इसकी फाइनल भर्ती नहीं हुई है तो आने वाले समय में 2024 में यह नहीं कहा जा सकता कि पटवारी भर्ती के लिए कोई भी वैकेंसी जारी हो सकती है।