इस तारीख को डाली जाएगी ₹1500 की पहली किस्त, नारी सम्मान योजना फ़ाइनल सूची जारी

मध्य प्रदेश के प्रदेश अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ जी के द्वारा नारी सम्मान योजना की फाइनल सूची जारी कर दी गई है जिसमें यह बताया गया है की कितनी तारीख को नारी सम्मान योजना की पहली किस्त मध्य प्रदेश की सभी महिलाओं के खाते में ट्रांसफर कर दी जाएगी। कमलनाथ सरकार के द्वारा जारी किए गए एक पत्र में उन महिलाओं के बारे में भी बताया गया है जिन्होंने अभी तक इस योजना का लाभ लेने के लिए आवेदन नहीं किया है आईए जानते हैं आज की पोस्ट में की कमलनाथ सरकार के द्वारा जारी किए गए पत्र में महिलाओं के लिए क्या-क्या आश्वासन दिए गए हैं ।

नई साल के शुरुआत में ही महिलाओं को मिलेगा ₹1500–

कमलनाथ सरकार के द्वारा यह है निश्चित किया गया है कि साल 2023 के खत्म होते ही और 2024 की शुरुआती सप्ताह में ही नारी सम्मान योजना की पहली किस्त को हर महिला के खाते में ट्रांसफर कर दिया जाएगा । नारी सम्मान योजना की पहली किस्त आने की कोई तारीख को अभी तक पूरी तरीके से निश्चित नहीं किया गया है मगर यह पूरी संभावना है कि 1 जनवरी 2024 को नारी सम्मान योजना की पहली किस्त सभी महिलाओं के खाते में आ जाएगी।

नारी सम्मान योजना को मिली एक बड़ी कामयाबी–

कमलनाथ सरकार के द्वारा चलाई गई नारी सम्मान योजना पूरे प्रदेश में एक बेहतर कामयाबी हासिल कर रही है और एक अच्छे प्रदर्शन के साथ महिलाओं को आर्थिक रूप से सहयोग भी प्रदान कर रही है । शिवराज सरकार के द्वारा जो भी योजनाएं चलाएंगे उनको लोगों ने लॉलीपॉप वाली योजनाएं कहकर लाभ उठाया और शिवराज सरकार को चुनाव से पहले ही इस तरह की योजनाएं शुरू करने वाला मंत्री घोषित कर दिया।

शिवराज सरकार को लाडली बहना योजना पड़ी महंगी–

शिवराज सरकार के द्वारा जो यह योजना चलाई गई जिसमें उन्होंने₹1000 प्रति महीना महिलाओं को दिया और लोगों के मन में यह जगह बनाई की 2023 के विधानसभा चुनाव में उनकी पार्टी को वोट मिलेगी मगर यह योजना निश्चित रूप से असफल रही।

लाडली बहनों को यह योजना काफी पसंद आई मगर इस योजना के बारे में उनका अपना भी ओपिनियन रहा जिसमें उन्होंने कहा कि शिवराज सरकार ने इस तरह की योजना बीते 5 साल पहले क्यों नहीं चलाई चुनाव से ठीक 4 महीने पहले ही इस योजना को क्यों शुरू कर रहे हैं। मध्य प्रदेश की जनता का मानना है कि केवल वोट के खातिर शिवराज सरकार ऐसा कर रही है वरना शिवराज सरकार को इस तरह की किसी योजना को चलाने का कोई मकसद नहीं था ।